बाग़-बाग़ - सदाबहार कविताओं का संग्रह भाग -१
कवियत्री परिचय
सुश्री राखी, मूलतः सिवनी, मध्य प्रदेश से आती हैं। जवाहर नवोदय विद्यालय से स्कूली शिक्षा के बाद उनहोनें MA मनोविज्ञान जबलपुर से और PGDDR हैदराबाद से किया। उनका बचपन भारत के विभिन्न कोनो में बीता, जिसका प्रभाव आप उनकी भाषा में निश्चय ही देख सकते हैं। हिंदी उनकी मातृ-भाषा है। हालांकि वो बचपन से ही लिखती आरही हैं पर बाग़-बाग़ के साथ हिंदी लेखन में उनका पहला प्रकाशित प्रयास है।
बाग़-बाग़ - कविता संग्रह
बाग़-बाग़ ताज़ातरीन हिंदी कविताओं का संकलन, पाठकों को उत्साहित-प्रेरित करने के उद्देश्य से रचा गया है। यह कविता संकलन उन हिंदी भाषी लोगों के लिए है जो समसामयिक भारतीय संस्कृति और जीवन शैली में रूचि रखते हैं। जो हिंदी बोलना, लिखना, पढ़ना चाहते और जानते हैं। यह उनके लिए भी है, जो अपनी भाषा की मिठास को सालों-साल संजोते हुए उसका आनंद लेना चाहते और जानते हैं । जो हिंदी बोल, सुन, और पढ़ कर खुश होते हैं और,अपनी माटी से जुड़ा महसूस करते हैं।
Book Link - https://notionpress.com/read/baag-baag?book=published
Blog Link - https://rakhe-xpressions.blogspot.com/


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